UK-India FTA: 15 जुलाई से FTA लागू, व्हिस्की से ब्यूटी प्रोडक्ट तक, जानें क्या-क्या होगा सस्ता ?
18 जून, पीटीसी न्यूज़। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने घोषणा की है कि भारत-यूके मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) 15 जुलाई से लागू होगा। समझौते पर हस्ताक्षर के बाद इतनी तेजी से लागू होने वाला ये ब्रिटेन का अब तक का सबसे तेज़ व्यापार समझौता होगा।
स्कॉच-व्हिस्की समेत कई चीजें होंगी सस्ती
भारत-यूके समझौता (FTA) लागू होने के बाद जो चीजें सस्ती होंगी, उनमें सबसे ज्यादा लाभ ब्रिटेन के स्कॉच व्हिस्की बिजनेस को होने वाला है। भारत ने व्हिस्की पर आयात शुल्क 150% से घटाकर 40% करने पर सहमति जताई है, इसके अलावा कोटा व्यवस्था के तहत ऑटोमोबाइल पर टैरिफ भी 100% से घटाकर सिर्फ 10% कर दिया जाएगा।
ब्यूटी प्रोडक्ट्स समेत कई अन्य उत्पादों पर लगने वाले 22% तक के टैरिफ को या तो एफटीए के तहत तत्काल या फिर 10 साल तक की अवधि में खत्म कर दिया जाएगा, वहीं दूसरी ओर ब्रिटेन भारतीय निर्यात पर टैरिफ कट या इसे कम करेगा, इनमें कपड़े, जूते और कुछ फूड प्रोडक्ट्स शामिल हैं। इस कदम से उपभोक्ताओं के लिए कीमतें कम होंगी और उन्हें अधिक विकल्प मिलेंगे
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बोले- 2047 के लक्ष्य में अहम है ये समझौता
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पीएम मोदी ने भी कहा कि भारत-यूके संबंधों के लिए ये एक ऐतिहासिक उपलब्धि है, मुझे बेहद खुशी है कि व्यापार समझौता 15 जुलाई 2026 से लागू होगा। ये समझौता हमारे द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ावा देगा. इससे किसानों, श्रमिकों, एमएसएमई और स्टार्टअप्स के लिए कई अवसर खुलेंगे और विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को साकार करने में बड़ा योगदान मिलेगा
ब्रिटेन के व्यापार एवं व्यवसाय सचिव पीटर काइल ने कहा:
“हम इस ऐतिहासिक व्यापार समझौते को जल्द से जल्द लागू कर रहे हैं ताकि भारत और ब्रिटेन के व्यवसाय 99 प्रतिशत ब्रिटिश और 90 प्रतिशत भारतीय शुल्कों में उदारीकरण का लाभ तुरंत उठा सकें। इससे दोनों देशों के बीच व्यापार सस्ता, तेज और आसान होगा। मैं सभी व्यवसायों से आग्रह करता हूं कि वे आने वाले वर्षों में एक-दूसरे के बाजारों में अवसरों का लाभ उठाने के लिए पूरी तैयारी करें। यह समझौता हमारे 48 अरब पाउंड के व्यापारिक संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा।”
दोनों देशों के व्यवसाय और नागरिक उठा सकेंगे समझौते का लाभ
दोनों सरकारों के महीनों के लगातार प्रयासों के बाद अब दोनों देशों के व्यवसाय और नागरिक इस ऐतिहासिक समझौते का लाभ उठा सकेंगे। कंपनियों को बड़े पैमाने पर शुल्क कटौती और नए बाजार अवसरों का लाभ लेने के लिए तैयारी करने की सलाह दी गई है। इस समझौते से दीर्घकाल में ब्रिटेन की जीडीपी में 4.8 अरब पाउंड और भारत की जीडीपी में 5.1 अरब पाउंड की बढ़ोतरी होने का अनुमान है। साथ ही, द्विपक्षीय व्यापार में हर साल 25.5 अरब पाउंड की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।
भारत-यूके डबल कंट्रीब्यूशन कन्वेंशन समझौता भी 15 जुलाई से होगा लागू
15 जुलाई से ही भारत-यूके डबल कंट्रीब्यूशन कन्वेंशन समझौता भी लागू होगा। इसके तहत मौजूदा वीजा श्रेणियों के तहत काम करने वाले उच्च कौशल वाले भारतीय और ब्रिटिश पेशेवर 60 महीनों तक अपने देश की सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था में योगदान जारी रख सकेंगे और उन्हें दूसरे देश में दोहरा योगदान नहीं देना होगा भारतीय व्यवसायों को भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार आवश्यक तैयारियां करने और इस ऐतिहासिक समझौते से मिलने वाले अवसरों का पूरा लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया गया है।